सुशांत सिंह राजपूत के निधन के बाद मनोज वाजपेयी उन्हें याद कर रहे हैं। मनोज वाजपेयी का मानना है कि वह सुशांत जैसे इंटेलिजेंट नहीं हैं, न ही उनकी उम्र तक वह उतना अचीव कर पाए थे जितना सुशांत ने कर लिया था। मनोज बाजपेयी ने सुशांत के साथ फिल्म 'सोनचिड़यिा' में काम किया था। मनोज वाजपेयी ,शेखर कपूर के साथ इंस्टा लाइव पर सुशांत को याद कर चुके हैं। अब उन्होंने एक इंटरव्यू के दौरान सुशांत के बारे में कुछ बातें कहीं।
मनोज ने कहा, 'हम सभी के पास उतार-चढ़ाव और इमोशंस होते हैं।
सुशांत भी अलग नहीं थे। मुझे नहीं लगता कि मैं इतना टैलंटेड हूं। मुझे नहीं लगता कि मैं उतना इंटेलिजेंट हूं जितने वो हुआ करते थे। मुझे नहीं लगता कि 34 साल की उम्र तक मैंने वो सब अचीव कर पाया था जो उन्होंने कर लिया था। मुझे लगता है कि मेरे अचीवमेंट्स बहुत ही छोटे हैं। मैं उन्हें इसी तरह से याद करता हूं।'
मनोज ने आगे कहा, 'मैं उन्हें सिर्फ एक अच्छे इंसान के रूप में ही नहीं बल्कि ऐसे इंसान के रूप में जानता हूं, जो पटना से था। जो इतना अच्छा डांस करने, कूल होने और प्यारी मुस्कुराहट होने के बाद भी जड़ों से जुड़ा था। अंदर से वह छोटे कस्बे के बंदे थे। उनके अंदर छोटे शहर पटना का लड़का छिपा था। जिससे मैं बहुत रिलेट करता था।'
नेपोटिज्म के बारे में मनोज कहते हैं, 'मैंने पहले भी कहा था कि हमारी इंडस्ट्री में काफी टैलेंटेड एक्टर हैं, जिन्हें उनकी सही जगह नहीं मिल पा रही है। अगर आप में प्रतिभा नहीं है और आपको यहां पर जगह मिल गई तो आप खुद को बहुत भाग्यशाली समझिए। अपने सिद्धांतों को लेकर बेहद ठंडी है ये इंडस्ट्री'।